हाई कोर्ट पहुंचा आईपीएस अरुण मोहन जोशी और नीरू गर्ग के डेपुटेशन का मामला, सरकार से मांगा जवाब

IPS Deputation Uttarakhand News

हाई कोर्ट पहुंचा आईपीएस अरुण मोहन जोशी और नीरू गर्ग के डेपुटेशन का मामला, सरकार से मांगा जवाब
Uttarakhand High CourtArun Mohan JoshiNeeru Garg
  • 📰 Dainik Jagran
  • ⏱ Reading Time:
  • 65 sec. here
  • 15 min. at publisher
  • 📊 Quality Score:
  • News: 71%
  • Publisher: 53%

उत्तराखंड में आइजी पद पर पदोन्नत आइपीएस अरुण मोहन जोशी और नीरू गर्ग को डीआइजी पद पर केंद्रीय प्रतिनियुक्ति दिए जाने का मामला हाई कोर्ट पहुंच गया है।

जागरण संवाददाता, नैनीताल। उत्तराखंड में आइजी पद पर पदोन्नत दो वरिष्ठ आइपीएस अधिकारियों को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति में डीआइजी पद पर तैनाती करने का मामला हाई कोर्ट पहुंच गया है। कोर्ट ने राज्य सरकार से कहा है कि अगली सुनवाई तिथि 16 मार्च को यह बताएं कि प्रतिनियुक्ति की प्रक्रिया राज्य सरकार के स्तर से शुरू हुई या केंद्र सरकार के। शुक्रवार को मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति मनोज कुमार गुप्ता व न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय की खंडपीठ में वरिष्ठ आइपीएस अरुण मोहन जोशी व नीरू गर्ग की याचिका पर सुनवाई हुई। दरअसल, केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से आइपीएस अरुण मोहन जोशी, नीरू गर्ग व मुख्तार मोहसिन की केंद्र में प्रतिनियुक्ति के आदेश जारी किए थे। आइपीएस नीरु 2005 बैच की है और तीन अक्टूबर 2022 को आइजी बनी थी। चार फरवरी को उनकी ब्यूरो आफ पुलिस रिसर्च एंड डेवलपमेंट में डीआइजी पद पर प्रतिनियुक्ति के आदेश हुए थे। चार जनवरी को ही पहले राज्य सरकार की ओर से अरुण मोहन जोशी को डेपुटेशन पर भेजने का आदेश जारी किया गया, फिर उसी दिन आदेश वापस ले लिया गया। अरुण को डीआइजी बीएसएफ बनाया गया था। तीन फरवरी को उन्हें अगले पांच साल के लिए केंद्रीय प्रतिनियुक्ति की सूची से बाहर कर दिया। इन अधिकारियों का कहना था कि जब उनका नाम केंद्रीय प्रतिनियुक्ति से बाहर कर दिया था फिर उनका डिमोशन क्यों कर दिया गया। जबकि 2006 बैच के अरुण भी अक्टूबर 2022 में ही आइजी बने थे। दोनों अधिकारियों ने राहत की मांग की है।.

जागरण संवाददाता, नैनीताल। उत्तराखंड में आइजी पद पर पदोन्नत दो वरिष्ठ आइपीएस अधिकारियों को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति में डीआइजी पद पर तैनाती करने का मामला हाई कोर्ट पहुंच गया है। कोर्ट ने राज्य सरकार से कहा है कि अगली सुनवाई तिथि 16 मार्च को यह बताएं कि प्रतिनियुक्ति की प्रक्रिया राज्य सरकार के स्तर से शुरू हुई या केंद्र सरकार के। शुक्रवार को मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति मनोज कुमार गुप्ता व न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय की खंडपीठ में वरिष्ठ आइपीएस अरुण मोहन जोशी व नीरू गर्ग की याचिका पर सुनवाई हुई। दरअसल, केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से आइपीएस अरुण मोहन जोशी, नीरू गर्ग व मुख्तार मोहसिन की केंद्र में प्रतिनियुक्ति के आदेश जारी किए थे। आइपीएस नीरु 2005 बैच की है और तीन अक्टूबर 2022 को आइजी बनी थी। चार फरवरी को उनकी ब्यूरो आफ पुलिस रिसर्च एंड डेवलपमेंट में डीआइजी पद पर प्रतिनियुक्ति के आदेश हुए थे। चार जनवरी को ही पहले राज्य सरकार की ओर से अरुण मोहन जोशी को डेपुटेशन पर भेजने का आदेश जारी किया गया, फिर उसी दिन आदेश वापस ले लिया गया। अरुण को डीआइजी बीएसएफ बनाया गया था। तीन फरवरी को उन्हें अगले पांच साल के लिए केंद्रीय प्रतिनियुक्ति की सूची से बाहर कर दिया। इन अधिकारियों का कहना था कि जब उनका नाम केंद्रीय प्रतिनियुक्ति से बाहर कर दिया था फिर उनका डिमोशन क्यों कर दिया गया। जबकि 2006 बैच के अरुण भी अक्टूबर 2022 में ही आइजी बने थे। दोनों अधिकारियों ने राहत की मांग की है।

We have summarized this news so that you can read it quickly. If you are interested in the news, you can read the full text here. Read more:

Dainik Jagran /  🏆 10. in İN

Uttarakhand High Court Arun Mohan Joshi Neeru Garg Central Deputation DIG Rank IG Promotion Police Officers Nainital Nainital News Nainital Latest News Nainital News In Hindi Nainital Samachar

 

United States Latest News, United States Headlines



Render Time: 2026-04-01 22:00:47