देश में डेटा की खपत तेजी से बढ़ रही है और साथ ही इससे जुड़ा इन्फ्रास्ट्रक्चर भी बन रहा है। अगले कुछ साल में इस पर अरबों डॉलर का निवेश होने की उम्मीद है। टाटा, रिलायंस, अडानी और भारती एयरटेल जैसे बड़े-बड़े ग्रुप इसमें निवेश के लिए आगे आ रहे हैं। जानिए पूरी बात...
नई दिल्ली: टाटा, रिलायंस, अडानी और भारती एयरटेल जैसे बड़े औद्योगिक घराने देश में डेटा-सेंटर के बढ़ते कारोबार में भारी निवेश कर रहे हैं। वे गीगावाट क्षमता वाले बड़े-बड़े डेटा-सेंटर बना रहे हैं, जो अगले दस साल में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और क्लाउड कंप्यूटिंग की बढ़ती जरूरतों को पूरा करेंगे। इन कंपनियों ने अरबों डॉलर का निवेश करने का वादा किया है। इस दौड़ में नया नाम टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज का है। देश की सबसे बड़ी आईटी कंपनी बड़े पैमाने पर डेटा सेंटर बड़े पैमाने पर बना रही है।टाटा ग्रुप की कंपनी TCS ने प्राइवेट इक्विटी फर्म TPG के साथ मिलकर एक मल्टी-बिलियन डॉलर का ज्वाइंट वेंचर बनाया है। इसका नाम HyperVault AI Data Centre Ltd है। इसमें TCS 18,000 करोड़ रुपये तक का निवेश करेगी। यह 1.
2 GW क्षमता वाला प्लेटफॉर्म होगा, जो भारत के सभी मौजूदा डेटा-सेंटरों की कुल क्षमता के बराबर है।टीसीएस ने बनाई नई कंपनी, मिल गया $1 अरब का निवेश, किस सेक्टर में धूम मचाने की है तैयारी?कितना निवेशबाजार रिसर्च फर्मों का अनुमान है कि अगले पांच से सात साल में ग्लोबल हाइपरस्केलर्स और भारतीय कंपनियां 50 अरब डॉलर से ज्यादा का निवेश करेंगी। इससे भारत की डेटा-सेंटर क्षमता आज के 1 GW से बढ़कर लगभग 9 GW हो जाएगी। प्रॉपर्टी कंसल्टेंट JLL का अनुमान है कि इस दौरान 35-50 अरब डॉलर का निवेश होगा। वहीं, जेफरीज का अनुमान है कि 2030 तक क्षमता 8 GW तक पहुंच जाएगी, जिसके लिए 30 अरब डॉलर के कैपिटल एक्सपेंडिचर की जरूरत होगी।यह उछाल इसलिए आ रहा है क्योंकि भारत में डेटा की खपत बहुत तेजी से बढ़ रही है। FY17 में जहां 8 एक्साबाइट डेटा की खपत होती थी, वहीं FY25 में यह बढ़कर 229 एक्साबाइट हो गई है। JLL के अनुसार OTT प्लेटफॉर्म, ई-कॉमर्स, डिजिटल पेमेंट और AI के बढ़ते इस्तेमाल ने इस खपत को बढ़ाया है। TCS AI-रेडी डेटा-सेंटर के साथ बदल रही है। TCS के CEO का कहना है कि HyperVault ग्राहकों को प्राइवेट क्लाउड बनाने, मॉडल-एज-ए-सर्विस वर्कलोड चलाने और एक्टिव या पैसिव डेटा-सेंटर सुविधाएं इस्तेमाल करने के विकल्प देगा।गूगल, मेटा के बाद अब रिलायंस, आंध्र प्रदेश में बड़े निवेश की तैयारी में मुकेश अंबानीअंबानी-अडानी भी रेस मेंअडानी ग्रुप भी इस दौड़ में पीछे नहीं है। अडानी ग्रुप ने Google के साथ मिलकर विशाखापत्तनम में 15 अरब डॉलर का AI डेटा-सेंटर बनाने की घोषणा की है। इससे पहले अडानी एंटरप्राइजेज महाराष्ट्र में डेटा-सेंटर इन्फ्रास्ट्रक्चर के लिए 5.9 अरब डॉलर की घोषणा कर चुकी है। अडानी ग्रुप का AdaniConneX के साथ 50-50 जेवी है, जो चेन्नई और हैदराबाद में काम कर रहा है और अब मुंबई और पुणे में विस्तार कर रहा है।देश की सबसे वैल्यूएबल कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज भी अपने AI डेटा-सेंटर नेटवर्क का विस्तार कर रही है। RIL ने पहले ही जामनगर में 1 GW का AI डेटा-सेंटर बनाने की घोषणा की थी। आंध्र प्रदेश सरकार के मुताबिक रिलायंस अगले पांच साल में विशाखापत्तनम में 1 GW का AI डेटा-सेंटर बनाने के लिए 11 अरब डॉलर का निवेश करेगी। यह प्रोजेक्ट कनाडा की ब्रुकफील्ड और अमेरिका की डिजिटल रियलिटी के साथ साझेदारी में है।$12 अरब के मार्केट पर कब्जे की तैयारी! मुकेश अंबानी और कुमार मंगलम बिड़ला में है सीधी टक्करक्यों आ रही है तेजी?जेफरीज की सितंबर की एक रिपोर्ट के अनुसार भारती एयरटेल, रिलायंस इंडस्ट्रीज और अडानीकनेक्स 2030 तक भारत की डेटा-सेंटर क्षमता का 35-40% हिस्सा मिलकर संभालेंगे। एयरटेल की Nxtra Data के पास पहले से ही 15% बाजार हिस्सेदारी है। रिपोर्ट में कहा गया है कि फिलहाल भारत के डेटा-सेंटर उपभोग का 60% हिस्सा हाइपरस्केलर्स का है, जबकि BFSI का योगदान 17% है।क्रिसिल का अनुमान है कि भारत के डेटा-सेंटर प्लेयर्स FY26-FY28 के दौरान 55,000-60,000 करोड़ रुपये का निवेश करेंगे, जिससे क्षमता 2.3-2.5 GW तक बढ़ जाएगी। तीसरे पक्ष के ऑपरेटरों से होने वाली आय FY28 तक लगभग 20,000 करोड़ रुपये सालाना पहुंचने की उम्मीद है। यह सालाना 20-22% की मजबूत वृद्धि को दर्शाता है, क्योंकि कंपनियां और खुदरा ग्राहक तेजी से डिजिटल प्लेटफॉर्म अपना रहे हैं।
Tata Group News Reliance Industries Update Gautam Adani News Bharti Airtel News टाटा ग्रुप न्यूज रिलायंस इंडस्ट्रीज डेटा सेंटर अडानी ग्रुप शेयर प्राइस अडानी ग्रुप न्यूज
United States Latest News, United States Headlines
Similar News:You can also read news stories similar to this one that we have collected from other news sources.
4 अरब से ज्यादा कीमत, 419 साल पुरानी पेंटिंग, पहली बार यूरोप से लाई गई भारत, बेंगलुरु देखने उमड़ी भीड़बेंगलुरु के कला प्रेमियों के लिए एक अच्छी खबर है। पहली बार, इटली के मशहूर कलाकार कारावागियो की एक पेंटिंग यहां आई है। यह पेंटिंग पश्चिमी कला को एक नया रूप देने वाली है। इसमें आपको नाटकीयता और भावनाओं की सच्चाई देखने को मिलेगी। यह 419 साल पुरानी पेंटिंग है और इसकी कीमत $50 मिलियन...
Read more »
ट्रंप ने अमेरिका के टॉप रईसों को दिया $50 अरब का झटका, किसे लगा सबसे बड़ा फटका?शुक्रवार को अमेरिकी शेयर बाजार में भारी गिरावट आई। यह मई के बाद एक दिन में आई सबसे बड़ी गिरावट थी। इससे अमेरिका के टॉप रईसों को बड़ा झटका लगा। एक झटके में उनकी कंबाइंड नेटवर्थ में 50 अरब डॉलर की गिरावट आई।
Read more »
iPhone 17 Pro में होगा ये सबसे बड़ा बदलाव! लॉन्च से पहल Leak हुई कीमत ने उड़ाए होशचीनी टिप्स्टर Instant Digital के मुताबिक, iPhone 17 सीरीज के हर मॉडल की कीमत में $50 (लगभग ₹4,350) की बढ़ोतरी होगी. इस बढ़ोतरी के पीछे मुख्य कारण कंपोनेंट्स की बढ़ती कीमत और चीन पर लगने वाले टैरिफ बताए जा रहे हैं. रिपोर्ट के अनुसार, iPhone 17 का शुरुआती प्राइस $849 (लगभग ₹74,000) और iPhone 17 Air का $949 (लगभग ₹83,000) हो सकता है.
Read more »
इस देश में जिसने चलाया Facebook, Instagram, YouTube, Reddit तो लगेगा ₹2,86,96,23,500 जुर्माना, जानिए क्योंसरकार का कहना है कि यह बैन बच्चों को ऑनलाइन दुनिया के नकारात्मक प्रभावों, गलत कंटेंट और एल्गोरिदम-आधारित लत से बचाने के लिए जरूरी है. अब जो भी टेक कंपनियां इस नियम का पालन नहीं करेंगी, उन्हें A$50 मिलियन (करीब ₹286 करोड़) तक का भारी जुर्माना भरना पड़ सकता है.
Read more »
ट्रंप का ऐलान: अमेरिका में अब सस्ती होंगी मोटापा कम करने वाली दवाएंपूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की है कि अमेरिका में मोटापा कम करने वाली दवाएं अब कम कीमत पर मिलेंगी। ट्रंप प्रशासन ने दवा कंपनियों Novo Nordisk और Eli Lilly के साथ समझौता किया है जिसके तहत Wegovy, Zepbound और अन्य दवाओं की कीमतें घटाई जाएंगी। पहले इनकी कीमत $1000 से ज्यादा थी, अब $50 से $350 प्रति महीना हो सकती है। यह डील मेडिकेयर, मेडिकेड और निजी खरीदारों को भी लाभान्वित करेगी। कंपनियों को टैक्स में छूट भी मिलेगी।
Read more »
On G20 Sidelines, India and Canada Aim For $50-Bn Trade By 2030India and Canada agreed to deepen economic and strategic ties, targeting USD 50 billion trade by 2030 during Modi–Carney talks at the G20 Summit, focusing on trade, investment, technology and defence.
Read more »
