चुनाव आयोग की मतदाता सूची शुद्धीकरण योजना (SIR) के तहत BLO की आत्महत्याओं के कारण देश में दहशत का माहौल है। इस योजना के पीछे, बीएलओ पर अत्यधिक कार्यभार, अधिकारियों का दुर्व्यवहार, और मतदाताओं में पुरानी मतदाता सूची की चिंता जैसे कई कारण सामने आ रहे हैं।
SIR BLO s Deaths in India: चुनाव आयोग की मतदाता सूची शुद्धीकरण योजना एसआईआर को लेकर पूरे देश में पैनिक का माहौल है. इस काम को कर रहे तमाम बीएलओ की असमय मौतों यानी खुदकुशी से अब एक अजीब डर का माहौल बना दिख रहा है.
क्या चुनाव आयोग के निर्देशों और रणनीति में कोई कमी रह गई या फिर BLOs के ऊपर वाकई बहुत ज्यादा वर्क लोड है जो वो अपनी जिंदगी खुद खत्म कर रहे हैं, आइए जानते हैं. क्या पैनिक है, हंगामा है क्यों बरपा? बंगाल से लेकर केरल मध्य प्रदेश और कई राज्यों में बीएलओ खुदकुशी कर रहे हैं. परिजनों का कहना है कि एक्स्ट्रा वर्क लोड और अधिकारियों के दुर्व्यवहार के चलते उन्होंने ऐसा कदम उठाया. केस स्टडी से पहले SIR की बुनियादी बातें बता दें कि बीएलओ पर कितना वर्क लोड है वो कितने पैनिक में हैं और जिस वोटर को अपने वैध मतदाता होने की गवाही देनी है, वो कितनी घबराहट में हैं. एसआईआर वाले राज्यों की मतदाता सूची फ्रीज है. बीएलओ नए फॉर्म दे रहे हैं जिन्हें भरकर मतदाता वापस कर रहे हैं. एसआईआर में बीएलओ की ड्यूटी लगी है. वहीं आंगनबाड़ी और अन्य सरकारी सेवाओं के लोग इस काम में लगे हैं. बीएलओ घर-घर जाकर एसआईआर फॉर्म लोगों को बांट रहे हैं और उनको जमा कर रहे हैं. एसआईआर फॉर्म में 2003 की वोटर लिस्ट का डाटा मांगा जा रहा है. एसआईआर में क्या हो रहा? एसआईआर में मतदाताओं का नाम, पता, आधार कार्ड जैसा अन्य ब्योरा अपडेट हो रहा है. ये प्रॉसेस 2003 में हुए एसआईआर के आधार पर हो रहा है. जिसका वोटर आईडी 2003 के बाद बना उसे अपने माता या पिता का नंबर लिखना है. ये काम दिखने में आसान और साधारण होते हुए भी कितना असाधारण है कि इससे जुड़े लोग मौत को गले लगा रहे हैं. एक अनार सौ बीमार! कुछ मतदाताओं में इस बात की हड़बड़ी है कि 2003 के पहले का पुराना ब्लैक एंड वाइट वोटर कार्ड कैसे मिलेगा. कहीं ऐसा न हो कि ऊपर दिख रहा फॉर्म जल्द जमा नहीं किया तो उनका नाम वोटर लिस्ट से कट जाएगा. वहीं BLOs का कहा है कि उनकी हालत एक अनार सौ बीमार वाली हो गई है. एक केस स्टडी की बात करें तो बंगाल के मालबाजार की शांतिमणि आंगनवाड़ी कार्यकर्ता थीं, उन्हें बूथ लेवल ऑफिसर की अतिरिक्त जिम्मेदारी मिली थी. उनकी फैमिली ने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण के दौरान वो अकेले पूरे बूथ का काम संभाल रही थीं. एक बूथ में अमूनन 1200 वोटर होते हैं. कई बूथ का काम मिल गया तो ये तादाद बहुत ज्यादा हो जाता है. बीएलओ के वर्कलोड का ए टू जेड एक अकेले इंसान का सैकड़ों लोगों से मिलना अपने आप में तनाव भरा काम है. माना कि एक सोसायटी में दो से तीन बीएलओ जाते हैं, लेकिन बहुत सी ऐसी जगहें है जहां महज एक बीएलओ कई जगहों का काम देख रहे हैं. देश में लाखों गैरपढ़े लिखे मतदाता भी हैं, उन्हें एसआईआर के बारे में बताना समझाना. फॉर्म देना और उसे भरने के बारे में समझाना . फॉर्म भर जाने के बाद उसे वोटर लिस्ट से मिलाना और हर एक मतदाता का फॉर्म वापस आयोग तक जमा कराना. इस दौरान यह भी ध्यान रखना कि किसी का फॉर्म मिस न हो जाए. ये सब एक चुनौती भरा काम है. ऐसा भी नहीं है कि देश का हर बीएलओ परेशान है वो रिहायसी सोसाइटियां या इलाके जहां लोग कॉपरेटिव हैं वहां आरडब्लूए या अन्य संस्थाएं बीएलओ की मदद कर रही हैं, लेकिन फिर भी दिनभर में उनसे कुछ ऐसे लोग टकरा जाते हैं, जिनके बात करने का तरीका और अभद्र व्यवहार बीएलओ को झकझोर देता है. अपने घर से स्कूल जाकर बच्चों को पढ़ाने की तुलना में एक सोसायटी से दूसरी सोसायटी भटकना, वहां A से Z तक सबकुछ मैनेज करने की वजह से उनकी मानसिक दशा यानी मेंटल हेल्थ पर बुरा असर पड़ रहा है. हालांकि कुछ जगहों पर उत्साही और कर्मठ युवा बीएलओ देश हित से जुड़े इस काम को स्मार्ट तरीके से करा रहे हैं, उनका अपना अलग नजरिया है, वो शायद इस काम से कम परेशान हैं या बिलकुल भी परेशान न हों लेकिन इस लेख को लिखने वाले लेखक ने नोएडा में जितने भी बीएलओ से बात की वो इसकी लंबी और जूझने वाली दिक्कतों से परेशान होकर अपना दुखड़ा सुनाने लगे लेकिन नौकरी पर आंच न आ जाए इस डर से ऑन रिकॉर्ज या ऑन कैमरा अपनी बात रखे से कतराए. उनकी एक परेशानी ये भी है कि एक-एक बीएलओ को कई-कई सोसायटी में जाना पड़ रहा है. लंच करने का समय नहीं मिल रहा है. अगर किसी बीएलओ को नेचुरल कॉल पर जाना हो तो उसकी पांच मिनट की गैरमौजूदगी भी लोगों को बर्दाश्त नहीं हो रही है. इसके अलावा ये जरूरी नहीं कि हर बीएलओ को टू-व्हीलर या फोर व्हीलर चलाना आता हो कि अपनी गाड़ी उठाई और चले गए. ऐसे में जिनके पास अपना साधन नहीं है और बहुत से इलाके देश में ऐसे हैं कि वहां बैटरी से जाने वाले ई-रिक्शा भी नहीं मिलते, ऐसी लोकेशन वाले बीएलओ की समस्या और गंभीर हो जाती है. कुछ मतदाता बीएलओ को अपनी सुविधा के हिसाब से मिलने के लिए कह रहे हैं. फॉर्म न मिलने पर फोन करके उन्हें धमका रहे हैं. वहीं वो मतदाता जिन्होंने वोटर आईडी में एड्रेस बदलवाया है, उनका बीएलओ बदलने से भी कुछ दिक्कतें आ रही हैं. उन्हें फॉर्म 8 भरने को कहा जा रहा है. एक्स्ट्रा वर्क लोड, कुछ मतदाताओं का अभद्र और अपमाजनक व्यवहार और रवैया, ज्यादा काम का मानसिक दबाव कुछ बीएलओ से नहीं संभल रहा है ऐसे में वो खुदकुशी कर रहे हैं. Disclaimer: जीवन अनमोल है. जी भरकर जिएं. इसका सम्मान करें. हर पल का आनंद लें. किसी बात या घटना से व्यथित हों तो हार मानने की कोई जरूरत नहीं. अच्छे और बुरे दौर आते-जाते रहते हैं. कभी किसी कारण से गहन हताशा, निराशा, डिप्रेशन महसूस करें या भावनात्मक सहारे की जरूरत महसूस हो तो हेल्पलाइन नंबर 9152987821 पर संपर्क करें.
BLO SIR आत्महत्या चुनाव आयोग मतदाता सूची
United States Latest News, United States Headlines
Similar News:You can also read news stories similar to this one that we have collected from other news sources.
How to Check Your Name in SIR List: এনুমারেশন ফর্ম তো জমা দিলেন, কিন্তু SIR তালিকায় যদি আপনার নাম খুঁজে না পান? আতঙ্কে...How to check your name in SIR list: Know whether your BLO has uploaded your enumeration form quick guide to check if your BLO has digitised your details
Read more »
SIR in Bengal: সংসার ছেড়ে যেতে খুব কষ্ট হচ্ছে... আমার এই পরিণতির জন্য নির্বাচন কমিশনই দায়ী, কাজের চাপে আত্মঘাতী কৃষ্ণনগরের BLO! বিস্ফোরক নোট...SIR in Bengal: Nadia Krishnagar BLO ends her life for immense work pressure of a booth level officer, alleges Election Commission in note
Read more »
यूपी में SIR फार्म भरने में वोटरों को हो रही कठिनाई, BLO नहीं कर रहे मददपटहेरवा में एसआईआर अभियान के तहत मतदाता गणना प्रपत्र भरने में मतदाताओं को कठिनाई हो रही है। 2003 की मतदाता सूची उपलब्ध न होने और बीएलओ के सहयोग न करने से लोग परेशान हैं। एसडीएम ने सहयोग का आश्वासन दिया है। वहीं, मोतीचक में जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया, जहाँ तहसीलदार ने स्वयं प्रपत्र भरकर लोगों की मदद...
Read more »
SIR in Bengal: হাসপাতালের বেডে বসেই চলছে SIR-এর কাজ, ভয়ংকর চাপের কথা শোনালেন চোপরার BLOBLO of Chopra working on SIR at hospital bed
Read more »
SIR ने बढ़ाया दर्द, MP में दो BLO की मौत, एक BLO छह दिनों से लापता, आखिर क्या है रहस्य?WebDunia is a leading Hindi news and content platform offering the latest updates and in-depth coverage on entertainment, lifestyle, astrology, religion, current affairs, and more. Stay informed with breaking Hindi news, trending web stories, and exclusive features.
Read more »
SIR गणना प्रपत्र अभियान में आई तेजी, सभी बूथों पर रहेंगे BLO और पालिका कर्मीमतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण एसआईआर के तहत गणना प्रपत्र भरने का काम जारी है। इस प्रक्रिया में गति लाने के लिए नगर पालिका गंगाघाट ने पत्र जारी कर सभी मतदाताओं को सूचित करने हेतु सार्वजनिक मुनादी कराई है।
Read more »
