जीतनराम मांझी के लिए एनडीए के दरवाजे बंद, पटना लौटे, 16 को बुलाई बैठक Elections2019 LokSabhaElections2019 jitanrammanjhi NitishKumar narendramodi NDA
था कि वो पाला बदल सकते हैं, लेकिन जदयू ने साफ शब्दों में ऐसी किसी संभावना को खारिज किया है। जदयू ने कहा है कि जीतनराम मांझी के लिए एनडीए के दरवाजे बंद हैं और अब इस पर कोई बात नहीं होगी। जदयू के राज्यसभा सांसद आरसीपी सिंह ने कहा कि एनडीए में जीतनराम मांझी के लिए कोई जगह नहीं बची है। उन्होंने यह भी कहा कि जदयू कोई ‘वेटिंग लाउंज’ नहीं है। जाहिर है जदयू नेता के इस बयान के बाद मांझी के लिए आगे की राह चुनौती भरी हो सकती है। जदयू के इस रुख से साफ हो गया है कि मांझी को या तो महागठबंधन में जो सीटें मिल रही हैं उतने पर ही मानना पड़ेगा या फिर उन्हें महागठबंधन से अलग हो जाना पड़ेगा। बिहार में चुनाव से पहले महागठबंधन के घटक दलों की नाराजगी कम होती नहीं दिख रही। महागठबंधन में हिस्सेदारी को लेकर बात नहीं बन पा रही है। मांझी की नाराजगी के बाद अब मुकेश सहनी के चुनाव न लड़ने की बात भी कही जा रही है। बृहस्पतिवार शाम मांझी के अचानक दिल्ली से पटना रवानगी की खबर को लेकर सियासी हलकों में उनके आगे की रणनीति पर चर्चा शुरू हो गई है। उधर, मांझी ने दिल्ली में कहा कि हम अपने स्टैंड पर कायम हैं। कांग्रेस और राजद के बाद हमें ज्यादा सीटें मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सीट शेयरिंग पर 78-80 फीसदी काम हुआ है लेकिन 20 फीसदी काम अभी भी होना बाकी है। 16 मार्च को पार्टी की अहम बैठक बुलाई गई है। इधर, महागठबंधन के ही एक अन्य घटक दल यानी विकासशील इंसान पार्टी के मुखिया मुकेश सहनी ने भी खुद चुनाव नहीं लड़ने का मन बनाया है। सहनी ने कहा कि सीटों को लेकर 95 फीसदी बातचीत फाइनल हो चुकी है जिसकी घोषणा रविवार को पटना में होगी, लेकिन साथ में ये भी कहा कि मेरे चुनाव लड़ने की उम्मीद कम ही है। था कि वो पाला बदल सकते हैं, लेकिन जदयू ने साफ शब्दों में ऐसी किसी संभावना को खारिज किया है। जदयू ने कहा है कि जीतनराम मांझी के लिए एनडीए के दरवाजे बंद हैं और अब इस पर कोई बात नहीं होगी।जदयू के राज्यसभा सांसद आरसीपी सिंह ने कहा कि एनडीए में जीतनराम मांझी के लिए कोई जगह नहीं बची है। उन्होंने यह भी कहा कि जदयू कोई ‘वेटिंग लाउंज’ नहीं है। जाहिर है जदयू नेता के इस बयान के बाद मांझी के लिए आगे की राह चुनौती भरी हो सकती है। जदयू के इस रुख से साफ हो गया है कि मांझी को या तो महागठबंधन में जो सीटें मिल रही हैं उतने पर ही मानना पड़ेगा या फिर उन्हें महागठबंधन से अलग हो जाना पड़ेगा। बिहार में चुनाव से पहले महागठबंधन के घटक दलों की नाराजगी कम होती नहीं दिख रही। महागठबंधन में हिस्सेदारी को लेकर बात नहीं बन पा रही है। मांझी की नाराजगी के बाद अब मुकेश सहनी के चुनाव न लड़ने की बात भी कही जा रही है। बृहस्पतिवार शाम मांझी के अचानक दिल्ली से पटना रवानगी की खबर को लेकर सियासी हलकों में उनके आगे की रणनीति पर चर्चा शुरू हो गई है। उधर, मांझी ने दिल्ली में कहा कि हम अपने स्टैंड पर कायम हैं। कांग्रेस और राजद के बाद हमें ज्यादा सीटें मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सीट शेयरिंग पर 78-80 फीसदी काम हुआ है लेकिन 20 फीसदी काम अभी भी होना बाकी है। 16 मार्च को पार्टी की अहम बैठक बुलाई गई है। इधर, महागठबंधन के ही एक अन्य घटक दल यानी विकासशील इंसान पार्टी के मुखिया मुकेश सहनी ने भी खुद चुनाव नहीं लड़ने का मन बनाया है। सहनी ने कहा कि सीटों को लेकर 95 फीसदी बातचीत फाइनल हो चुकी है जिसकी घोषणा रविवार को पटना में होगी, लेकिन साथ में ये भी कहा कि मेरे चुनाव लड़ने की उम्मीद कम ही है।.
था कि वो पाला बदल सकते हैं, लेकिन जदयू ने साफ शब्दों में ऐसी किसी संभावना को खारिज किया है। जदयू ने कहा है कि जीतनराम मांझी के लिए एनडीए के दरवाजे बंद हैं और अब इस पर कोई बात नहीं होगी। जदयू के राज्यसभा सांसद आरसीपी सिंह ने कहा कि एनडीए में जीतनराम मांझी के लिए कोई जगह नहीं बची है। उन्होंने यह भी कहा कि जदयू कोई ‘वेटिंग लाउंज’ नहीं है। जाहिर है जदयू नेता के इस बयान के बाद मांझी के लिए आगे की राह चुनौती भरी हो सकती है। जदयू के इस रुख से साफ हो गया है कि मांझी को या तो महागठबंधन में जो सीटें मिल रही हैं उतने पर ही मानना पड़ेगा या फिर उन्हें महागठबंधन से अलग हो जाना पड़ेगा। बिहार में चुनाव से पहले महागठबंधन के घटक दलों की नाराजगी कम होती नहीं दिख रही। महागठबंधन में हिस्सेदारी को लेकर बात नहीं बन पा रही है। मांझी की नाराजगी के बाद अब मुकेश सहनी के चुनाव न लड़ने की बात भी कही जा रही है। बृहस्पतिवार शाम मांझी के अचानक दिल्ली से पटना रवानगी की खबर को लेकर सियासी हलकों में उनके आगे की रणनीति पर चर्चा शुरू हो गई है। उधर, मांझी ने दिल्ली में कहा कि हम अपने स्टैंड पर कायम हैं। कांग्रेस और राजद के बाद हमें ज्यादा सीटें मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सीट शेयरिंग पर 78-80 फीसदी काम हुआ है लेकिन 20 फीसदी काम अभी भी होना बाकी है। 16 मार्च को पार्टी की अहम बैठक बुलाई गई है। इधर, महागठबंधन के ही एक अन्य घटक दल यानी विकासशील इंसान पार्टी के मुखिया मुकेश सहनी ने भी खुद चुनाव नहीं लड़ने का मन बनाया है। सहनी ने कहा कि सीटों को लेकर 95 फीसदी बातचीत फाइनल हो चुकी है जिसकी घोषणा रविवार को पटना में होगी, लेकिन साथ में ये भी कहा कि मेरे चुनाव लड़ने की उम्मीद कम ही है। था कि वो पाला बदल सकते हैं, लेकिन जदयू ने साफ शब्दों में ऐसी किसी संभावना को खारिज किया है। जदयू ने कहा है कि जीतनराम मांझी के लिए एनडीए के दरवाजे बंद हैं और अब इस पर कोई बात नहीं होगी।जदयू के राज्यसभा सांसद आरसीपी सिंह ने कहा कि एनडीए में जीतनराम मांझी के लिए कोई जगह नहीं बची है। उन्होंने यह भी कहा कि जदयू कोई ‘वेटिंग लाउंज’ नहीं है। जाहिर है जदयू नेता के इस बयान के बाद मांझी के लिए आगे की राह चुनौती भरी हो सकती है। जदयू के इस रुख से साफ हो गया है कि मांझी को या तो महागठबंधन में जो सीटें मिल रही हैं उतने पर ही मानना पड़ेगा या फिर उन्हें महागठबंधन से अलग हो जाना पड़ेगा। बिहार में चुनाव से पहले महागठबंधन के घटक दलों की नाराजगी कम होती नहीं दिख रही। महागठबंधन में हिस्सेदारी को लेकर बात नहीं बन पा रही है। मांझी की नाराजगी के बाद अब मुकेश सहनी के चुनाव न लड़ने की बात भी कही जा रही है। बृहस्पतिवार शाम मांझी के अचानक दिल्ली से पटना रवानगी की खबर को लेकर सियासी हलकों में उनके आगे की रणनीति पर चर्चा शुरू हो गई है। उधर, मांझी ने दिल्ली में कहा कि हम अपने स्टैंड पर कायम हैं। कांग्रेस और राजद के बाद हमें ज्यादा सीटें मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सीट शेयरिंग पर 78-80 फीसदी काम हुआ है लेकिन 20 फीसदी काम अभी भी होना बाकी है। 16 मार्च को पार्टी की अहम बैठक बुलाई गई है। इधर, महागठबंधन के ही एक अन्य घटक दल यानी विकासशील इंसान पार्टी के मुखिया मुकेश सहनी ने भी खुद चुनाव नहीं लड़ने का मन बनाया है। सहनी ने कहा कि सीटों को लेकर 95 फीसदी बातचीत फाइनल हो चुकी है जिसकी घोषणा रविवार को पटना में होगी, लेकिन साथ में ये भी कहा कि मेरे चुनाव लड़ने की उम्मीद कम ही है।
United States Latest News, United States Headlines
Similar News:You can also read news stories similar to this one that we have collected from other news sources.
आकाश अंबानी की शादी में जुटे देश-विदेश के दिग्गज, देखें फोटोदेश के शीर्ष उद्योगपति मुकेश अंबानी के पुत्र आकाश हीरा कारोबारी रसेल मेहता की बेटी श्लोका के साथ विवाह बंधन में बंधने जा रहे हैं। आकाश की शाही शादी में शामिल होने के लिए दुनियाभर के मेहमान भारत पहुंच चुके हैं। इन मेहमानों में कॉर्पोरेट, बॉलीवुड, राजनीति और खेल जगत की प्रसिद्ध हस्तियां पहुंचीं। अंबानी परिवार की खुशियों में शामिल होने के लिए संयुक्त राष्ट्र के पूर्व प्रमुख बान की मून और ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर, भारतीय क्रिकेट के मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर, बॉलीवुड के बादशाह शाहरुख खान भी पहुंचे। सभी दिग्गजों ने शादी के दौरान निभाई जाने वाले रस्मों का आनंद लिया और बाराती बनकर जमकर थिरके भी। बारात आज जियो वर्ल्ड सेंटर पहुंचेगी, जहां पर आकाश और श्लोका की शादी संपन्न होगी।
Read more »
तमिलनाडु के मंत्री बोले-'अम्मा' के बाद पीएम माेदी हमारे और देश के डैडी- Amarujalaतमिलनाडु के मंत्री बोले-'अम्मा' के बाद पीएम माेदी हमारे और देश के डैडी LokSabhaElections2019 TamilNadu AIADMK
Read more »
3 फेज में ही सही, लेकिन इसलिए कश्मीर की अनंतनाग सीट पर टाला नहीं जा सकता था चुनाव-Navbharat Timesलोकसभा चुनाव 2019 न्यूज़: चुनाव आयोग ने जम्मू-कश्मीर सरकार और केंद्रीय गृह मंत्रालय से इस मुद्दे पर चर्चा की। इसके बाद तय किया गया कि अनंतनाग में चुनाव न कराया जाना और बाकी के 5 संसदीय क्षेत्रों में चुनाव कराने पर देश के भीतर और बाहर गलत संदेश जाएगा।
Read more »
LIVE: वीके सिंह बोले- सेना के शौर्य की सियासत देश के जागने के संकेतवीके सिंह बोले- सेना के शौर्य की सियासत देश के जागने के संकेत AajTakSurakshaSabha लाइव अपडेट-
Read more »
जैसलमेर के सीमावर्ती इलाके में पाक के लिए जासूसी के आरोप में एक व्यक्ति गिरफ्तारगौरतलब है कि भारत-पाकिस्तान के बीच तनावपूर्ण माहौल के चलते जैसलमेर में अब तक एक दर्जन संदिग्धों को पकड़ा जा चुका है.
Read more »
जम्मू कश्मीर के पुंछ जिले में संघर्षविराम के उल्लंघन के बाद रोका गया सीमा पार व्यापारएलओसी व्यापार केंद्र के संरक्षक फरीद कोहली ने बताया कि चक्कन दा बाग में व्यापार सुविधा केंद्र पर मोर्टार से पांच गोले दागे गए, जिससे एक्सरे स्कैनर वाले कमरे सहित अन्य जगहों को नुकसान पहुंचा.
Read more »
मायावती के करीबी अफसर रहे नेतराम के यहां छापे, मिले 225 करोड़ रुपये संपत्ति के दस्तावेजकार्रवाई में नेतराम की 30 मुखौटा कंपनियों का भी खुलासा हुआ है। नेतराम और उनके करीबी लोगों के हवाला लिंक भी सामने आए हैं।
Read more »
